FASTAG system हुआ खत्म, नए साल से इस तरीके से कटेगा Toll Tax
अगर आप भी राष्ट्रीय राजमार्गों पर सफर करते हैं, तो ये खबर आपके लिए बेहद काम की साबित होने वाली है। सरकार ने टोल प्लाजा को खत्म कर नई GPS तकनीक से टोल टैक्स वसूलने की तैयारी तेज कर दी है। इस बदलाव से यात्रियों को सफर में और भी ज्यादा आसानी होगी। अगर आप जानना चाहते हैं कि नई तकनीक कैसे काम करेगी और इसका फायदा आपको कैसे मिलेगा, तो नीचे दी गई डिटेल्स को जरूर पढ़ें!

Haryana Update: जीपीएस टोल सिस्टम लागू होने के बाद हाईवे पर टोल प्लाजा हटा लिए जाएंगे और इस सिस्टम से यात्रियों को उतने के ही पैसे देने होंगे, जितनी दूरी वे हाईवे पर तय करेंगे.
धीरे-धीरे होगा देश में विस्तार-
सूत्रों की मानें तो इस नए जीपीएस-आधारित टोलिंग सिस्टम को विभिन्न हिस्सों यानी राजमार्गों पर आजमाया जाएगा और धीरे-धीरे इसका विस्तार किया जाएगा. केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने हाल ही में संसद को सूचित किया कि एनएच नेटवर्क को टोल प्लाजा से मुक्त करने की नई प्रणाली अगले महीने से शुरू हो जाएगी.
संसद में नितिन गडकरी ने कहा था, ‘अब मैं एक जीपीएस सिस्टम लाना चाहता हूं. टोल ही नहीं रहेंगे. टोल नहीं रहने से मतलब टोल खत्म नहीं होगा. आपकी गाड़ी में जीपीएस सिस्टम लगा देंगे. गाड़ी में जीपीएस सिस्टम अनिवार्य भी कर दिया गया है. जीपीएस पर रिकॉर्ड होगा कि आपने कहां से एंट्री ली और कहां निकले. और आपके बैंक अकाउंट से पैसा कट जाएगा. कोई आपको कहीं रोकेगा नहीं.
अब जितनी दूरी, उतने का ही टैक्स-
टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, जीपीएस टोल प्रणाली की तैयारी का काम शुरू हो गया है और यात्रा के लिए तय की गई दूरी और यात्रा के लिए लगने वाले टोल टैक्स की सटीक गणना के लिए दिल्ली-जयपुर खंड की बेहतर जियोफेंसिंग शुरू हो गई है.
इसका मतलब है कि अब टोल टैक्स का कलेक्शन जीपीएस के माध्यम से होगा और इसकी शुरुआत दिल्ली-जयपुर और बेंगलुरु-मैसूर हाईवे से हो रही है. सूत्रों ने कहा कि मौजूदा समय में 18 लाख से अधिक कमर्शियल वाहनों में जीपीएस-आधारित व्हिकल लोकशन ट्रैकिंग सिस्टम लग चुके हैं और शुरुआत के तौर पर ये वाहन इसी नई तकनीक से यूजर फी का भुगतान करना शुरू कर सकते हैं.